Hindi poem

sad love hindi sayari

तुम्हारी गली से अब गुजरना भी छोड़ दे क्या तुम्हारे बाद सजना सवरना भी छोड़ दे

best hindi kavita

ताज तेरे लिए इक मज़हर-ए-उलफत ही सही तुम को इस वादी-ए-रँगीं से अक़ीदत ही सही